Tag: #poem #humanrelation #art #aloof

“Buri Adaat”

ना जाने क्यों इन इंसानी नज़दीकियों से, जल्द ऊब जाता हूँ मैं, शायद यह आदत बुरी है मेरी, यह जान कर भी मैं, इसे बदलना नहीं चाहता, शायद खुदा मैं…
Read More