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पापा (Father)

नीला फ़्रॉक बसता पहने, मैं रोती-रोती  घर पहुँची, घुटना छिल चुका था मेरा, दरवाज़ा खोल आवाज़ मैंने दी, पापा-पापा देखो मैं गिर पड़ी, प्रत्युत्तर में ख़ामोशी थी, खारी बूँदे अब…
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